

जन शिक्षण संस्थान पश्चिमी दिल्ली पीरागढ़ी द्वारा कौशल विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूर्व प्रशिक्षु मिलन समारोह तथा सात दिवसीय रोजगार प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की थीम “बेहतर जीवन के लिए सौंदर्य” रही, जिसमें लगभग 130 लड़कियों और महिलाओं ने भाग लिया।
जन शिक्षण संस्थान, कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय, भारत सरकार की एक योजना है, जिसके माध्यम से विशेष रूप से महिलाओं, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को प्रशिक्षण देकर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। यहाँ प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद सरकारी प्रमाण पत्र भी दिया जाता है, जिससे प्रशिक्षु स्वरोजगार या नौकरी प्राप्त कर सकते हैं।
संस्थान में सौंदर्य देखभाल सहायक, सहायक दर्जी, उन्नत दर्जी तथा विद्युत तकनीशियन सहायक जैसे कई पाठ्यक्रम संचालित किए जाते हैं। कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं को सौंदर्य सामग्री का किट भी प्रदान की गई। साथ ही संस्थान की वार्षिक प्रगति रिपोर्ट 2025-26 प्रस्तुत की गई और सफल लाभार्थियों ने अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम में नांगलोई जाट के उप मंडल अधिकारी विक्रम सिंह, केनरा बैंक के प्रमुख जिला प्रबंधक प्रेम चंद, संस्थान की उपाध्यक्ष डाॅ. रीना शर्मा तथा दिल्ली प्रोग्रेसिव क्लब के अध्यक्ष प्रवेश त्यागी सहित अन्य लोग मौजूद रहे। अतिथियों का भव्य स्वागत किया गया।
उपाध्यक्ष डाॅ. रीना शर्मा ने कहा कि संस्थान का उद्देश्य समाज के कमजोर वर्गों को आत्मनिर्भर बनाना है और इसके लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
निदेशक कुलविंदर कौर ने प्रशिक्षण की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इससे महिलाओं को अपने पैरों पर खड़ा होने का अवसर मिल रहा है।
संस्थान से प्रशिक्षण प्राप्त बनीराम ने बताया कि उन्होंने विद्युत प्रशिक्षण लेकर प्रमाण पत्र प्राप्त किया और अब स्वयं का कार्य शुरू कर अन्य लोगों को भी रोजगार दे रहे हैं। वहीं मौजूद कई लड़कियों ने बताया कि प्रशिक्षण के बाद उन्हें रोजगार प्राप्त हुआ है और अब वह आत्मनिर्भर बन गई हैं, जिनसे उनके जीवन में बदलाव आया है।
प्रवेश त्यागी ने कहा कि देशभर में जन शिक्षण संस्थान लाखों लोगों को प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार से जोड़ रहे हैं और यह पहल समाज के लिए उपयोगी साबित हो रही है।
उप मंडल अधिकारी विक्रम सिंह ने संस्थान के कार्यों की सराहना करते हुए प्रतिभागियों को मेहनत और लगन से आगे बढ़ने की सलाह दी तथा भविष्य में विभिन्न आयोजनों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में सभी के लिए जलपान की वयवस्था थी।