Vegas Mall Delhi में Kalabhumi Art Exhibition | Ministry of Culture

Delhi Art Exhibition 2025: Vegas Mall में Kalabhumi और Ministry of Culture की संयुक्त प्रस्तुति Vegas Mall Delhi में ‘कलाभूमि’ की भव्य कला प्रदर्शनी :

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Delhi Art Exhibition 2025: Vegas Mall में Kalabhumi और Ministry of Culture की संयुक्त प्रस्तुति

Vegas Mall Delhi में ‘कलाभूमि’ की भव्य कला प्रदर्शनी : देशभर के चित्रकारों और कलाकृतियों का संगम

नई दिल्ली, 14 सितम्बर 2025:
भारतीय संस्कृति और कला की विविधता का जीवंत उत्सव तब देखने को मिला जब मिनिस्ट्री ऑफ़ कल्चरल गवर्नमेंट के सहयोग से कलाभूमि ने राजधानी दिल्ली के द्वारका स्थित वेगास मॉल में देशव्यापी कला प्रदर्शनी का आयोजन किया। यह प्रदर्शनी 13 सितंबर से प्रारंभ होकर 21 सितंबर तक चलेगी, जिसमें भारत के विभिन्न राज्यों—बंगाल, बिहार, दिल्ली, राजस्थान, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात और उत्तर प्रदेश सहित—के जाने-माने चित्रकार और कलाकार अपनी कलाकृतियों के साथ मौजूद हैं।

इस प्रदर्शनी का उद्घाटन भारतीय कला-जगत की प्रतिष्ठित हस्तियों द्वारा किया गया। उद्घाटन समारोह में पद्म भूषण से सम्मानित जतिन दास, पद्म श्री आर्टिस्ट जयप्रकाश लखीवाल तथा पद्म श्री कथक नृत्यांगनाएँ नलिनी अस्थाना और कामिनी अस्थाना मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।

कला को आमजन तक पहुँचाने का अनूठा प्रयास

कलाभूमि के आयोजकों ने स्पष्ट किया कि इस प्रदर्शनी को मॉल जैसे स्थान पर आयोजित करने का उद्देश्य है कला को गैलरी से बाहर निकालकर आम जनता तक ले जाना। अक्सर कला प्रदर्शनियाँ केवल आर्ट गैलरी और सीमित वर्ग तक सिमटकर रह जाती हैं। लेकिन जब वही कला शॉपिंग मॉल जैसे भीड़-भाड़ वाले स्थान पर प्रस्तुत होती है, तो आम नागरिक, परिवार और युवा भी उससे जुड़ पाते हैं।

आयोजकों का मानना है कि—

“कला केवल अभिजात्य वर्ग तक सीमित न रहे, बल्कि हर व्यक्ति उसके साथ जुड़ सके। इसलिए हमने प्रदर्शनी का स्थल ऐसा चुना है जहाँ रोज़ हज़ारों लोग आते हैं और कला का सीधा अनुभव प्राप्त कर सकें।”

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देशभर से आए चित्रकार और उनकी कृतियाँ

इस प्रदर्शनी की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसमें भारत के विभिन्न राज्यों के चित्रकारों ने भाग लिया है।

  • पश्चिम बंगाल से आए कलाकारों ने पारंपरिक पटचित्र, कलीघाट पेंटिंग और आधुनिक अमूर्त चित्रों की प्रदर्शनी लगाई।
  • बिहार के कलाकारों ने मधुबनी कला को केंद्र में रखा, जिनमें लोककथाओं, देवी-देवताओं और प्रकृति का सुंदर चित्रण किया गया।
  • दिल्ली और आसपास के कलाकारों ने समकालीन कला और आधुनिक शैलियों में अपने विचार रखे।
  • राजस्थान से आए कलाकारों ने फड़ चित्रकला और मिनीएचर पेंटिंग्स से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया।
  • महाराष्ट्र और गुजरात के कलाकारों ने आधुनिक प्रयोगात्मक कला प्रस्तुत की, जिसमें रंगों, आकारों और विचारों की विविधता देखने को मिली।

हर स्टॉल पर कलाकार अपनी कृतियों के साथ मौजूद रहे। उन्होंने आगंतुकों को न केवल अपनी कला दिखाई बल्कि उनके पीछे की कहानियाँ और विचार भी साझा किए।

उद्घाटन समारोह की झलकियाँ

13 सितंबर को आयोजित उद्घाटन समारोह में कला-जगत की प्रतिष्ठित हस्तियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम की शोभा बढ़ा दी।

  • जतिन दास ने कहा,

“कला केवल सौंदर्य का प्रतीक नहीं है, बल्कि यह समाज की संवेदनाओं और विचारों को अभिव्यक्त करने का माध्यम है। ऐसी प्रदर्शनियाँ लोगों को सोचने, समझने और संवेदनशील बनने की प्रेरणा देती हैं।”

Delhi Art Exhibition 2025: Vegas Mall में Kalabhumi और Ministry of Culture की संयुक्त प्रस्तुति

जयप्रकाश लखीवाल ने अपनी बात में कला और संस्कृति को राष्ट्र की धरोहर बताते हुए कहा कि इस तरह के आयोजनों से नई पीढ़ी को भारतीय परंपराओं और कला शैलियों की गहराई समझने का अवसर मिलता है।

वहीं, प्रसिद्ध कथक नृत्यांगनाएँ नलिनी अस्थाना और कामिनी अस्थाना ने इसे कला और संस्कृति का उत्सव बताया और कहा कि यह प्रदर्शनी कला को आमजन तक पहुँचाने का सराहनीय प्रयास है।

डेमोंस्ट्रेशन और कला गतिविधियाँ

कलाभूमि ने जानकारी दी कि प्रदर्शनी के दौरान हर दिन अलग-अलग आर्टिस्ट लाइव डेमोंस्ट्रेशन देंगे। इससे आगंतुकों को न केवल कलाकृतियाँ देखने का अवसर मिलेगा बल्कि यह भी समझने का मौका मिलेगा कि एक चित्र या शिल्प कैसे तैयार होता है।

  • बच्चों और युवाओं के लिए कला प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएँगी।
  • स्केचिंग, पेंटिंग, क्ले मॉडलिंग और फेस पेंटिंग जैसी गतिविधियों में लोग सीधे भाग ले सकेंगे।
  • शाम के समय सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ भी रखी गई हैं, जिसमें शास्त्रीय संगीत और नृत्य कार्यक्रम होंगे।

इन गतिविधियों का मकसद है कि लोग केवल दर्शक बनकर न रहें, बल्कि कला प्रक्रिया का हिस्सा भी बनें।

Kalabhumi Vegas Mall Exhibition | Ministry of Culture के साथ Delhi में देशभर की कला का संगम

आम लोगों की प्रतिक्रियाएँ

मॉल में खरीदारी करने आए परिवार जब प्रदर्शनी की ओर आकर्षित हुए तो उन्होंने इसे बेहद रोचक और प्रेरणादायी अनुभव बताया।

  • एक कॉलेज छात्रा ने कहा कि उसे पहली बार इतने करीब से मधुबनी पेंटिंग्स देखने का मौका मिला।
  • एक छोटे बच्चे ने कहा कि उसे लाइव डेमोंस्ट्रेशन देखकर चित्रकारी करने की प्रेरणा मिली।
  • कई परिवारों ने इस आयोजन को “शॉपिंग और संस्कृति का अनोखा संगम” करार दिया।

यह प्रदर्शनी उन लोगों के लिए भी खास बन गई जो आमतौर पर आर्ट गैलरी नहीं जा पाते।

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कला का सामाजिक महत्व

भारत जैसे विविधता भरे देश में कला केवल शौक नहीं, बल्कि समाज का दर्पण है। हर चित्र और हर शिल्प अपने समय, समाज और संस्कृति की कहानी कहता है। इस प्रदर्शनी में दिखाई गई कलाकृतियाँ दर्शाती हैं कि कैसे कलाकार अपने रंगों और आकृतियों के माध्यम से सामाजिक मुद्दों, प्रकृति की सुंदरता, स्त्री-शक्ति, ग्रामीण जीवन और आधुनिक चुनौतियों को चित्रित करते हैं।

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सांस्कृतिक मंत्रालय की भूमिका

मिनिस्ट्री ऑफ़ कल्चरल गवर्नमेंट ने इस प्रदर्शनी को समर्थन देकर यह संदेश दिया है कि सरकार कला और कलाकारों को प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है। मंत्रालय का लक्ष्य है कि कलाकारों की प्रतिभा केवल सीमित दायरे में न रहे, बल्कि पूरे देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना सके।

भविष्य की योजनाएँ और उम्मीदें

कलाभूमि के आयोजकों ने कहा कि यह केवल शुरुआत है। वे भविष्य में—

Art Exhibition in Vegas Mall by Kalabhumi | Ministry of Culture के सहयोग से National Artists की कलाकृतियाँ

विभिन्न शहरों में कला उत्सव

राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएँ

विदेशी कलाकारों के साथ सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम
आयोजित करेंगे ताकि भारतीय कला और कलाकारों को वैश्विक मंच मिल सके।

वेगास मॉल में आयोजित यह प्रदर्शनी केवल एक कला आयोजन नहीं बल्कि कला को जन-जन तक पहुँचाने की दिशा में उठाया गया महत्वपूर्ण कदम है। जब लोग रोज़मर्रा की ज़िंदगी में कला से रूबरू होते हैं तो उनके भीतर संवेदनाएँ, कल्पनाशक्ति और रचनात्मकता जागृत होती है।

यह आयोजन दर्शाता है कि यदि सरकार, समाज और कलाकार एकजुट होकर काम करें तो कला को किसी सीमा में नहीं बाँधा जा सकता। यह प्रदर्शनी आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बनेगी और यह संदेश देगी कि कला हर किसी की है—चाहे वह कलाकार हो या दर्शक।

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